नई दिल्ली. दिल्ली हिंसा में मरने वालों का आंकड़ा बढ़कर 47 हो गया है। गुरु तेग बहादुर अस्पताल में सबसे ज्यादा 38 मौतें हुईं। राम मनोहर लोहिया अस्पताल में 5, जबकि जग प्रवेश चंद्र में 1 और लोक नायक अस्पताल में 3 लोगों ने दम तोड़ा। पुलिस ने उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हिंसा को लेकर अब तक 334 एफआईआर दर्ज की हैं। इसमें 44 मामले आर्म्स एक्ट के हैं। कुल 57 लोगों को गिरफ्तारी हो चुकी है। इसमें 33 लोगों पर दंगे में शामिल होने और बवाल करने का आरोप है जबकि 24 लोग रविवार को हिंसा की अफवाह उड़ाने के आरोप में पकड़े गए हैं। इसके अलावा 800 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पूछताछ कर रही है। अफवाहों को देखते हुए पुलिस ने सोमवार की सुबह हिंसाग्रस्त इलाकों में फ्लैग मार्च भी किया। इस बीच, मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने हिंसा में जान गंवाने वाले इंटेलिजेंस ब्यूरो(आईबी) अधिकारी अंकित शर्मा के परिवार को एक करोड़ रुपए का मुआवजा देने का ऐलान किया। उन्होंने कहा- दिल्ली सरकार ने तय किया है कि आईबी अधिकारी अंकित के परिवार को सम्मान राशि के तौर पर 1 करोड़ रुपए दिए जाएंगे। इसके अलावा परिवार के एक सदस्य को दिल्ली सरकार नौकरी देगी।
सीबीएसई की परीक्षाएं सोमवार से पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शुरू हो गईं। दिल्ली के हिंसाग्रस्त इलाकों के छात्र भी परीक्षा दे रहे हैं। यहां परीक्षा केंद्रों पर 98% उपस्थिति रही। दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश पर स्कूलों के पास भारी पुलिसबल तैनात है। कई स्कूलों के बाहर पुलिसकर्मियों ने परीक्षार्थियों को गुलाब के फूल भी दिए।
दिल्ली विधानसभा ने 9 सदस्यीय कमेटी गठित की
हिंसाग्रस्त इलाकों में शांति और सामंजस्य स्थापित करने के लिए दिल्ली विधानसभा ने 9 सदस्यीय कमेटी बनाई है। इसकी अध्यक्षता आम आदमी पार्टी के विधायक सौरभ भारद्वाज करेंगे। कमेटी की पहली बैठक सोमवार की शाम तीन बजे होगी।
कुछ अराजक तत्व अफवाह फैला रहे: पुलिस
दिल्ली पुलिस के पीआरओ एमएस रंधावा ने कहा- कुछ अराजक तत्व ऐसी अफवाहें फैला रहे हैं, जिससे शांति व्यवस्था में बाधा आए। लोगों को आगाह किया जा रहा है कि इन अफवाहों पर भरोसा न करें। पूरी दिल्ली में कानून व्यवस्था नियंत्रण में है। दिल्ली के नागरिक अपनी जिम्मेदारी निभाएं और शांति बनाए रखने में मदद करें। हमें जनकपुरी ईस्ट, जनकपुरी वेस्ट, ख्याला, हरिनगर, मदनपुर खादर समेत कई इलाकों से पैनिक कॉल आई हैं। पुलिस सोशल मीडिया की निगरानी कर रही है। अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई होगी।
ईरान में फंसे नागरिकों को वापस लाएगा भारत
ईरान में कोरोनावायरस से अब तक 66 लोगों की मौत हो चुकी है। यहां अब तक संक्रमण के 385 मामले सामने आए हैं। भारत यहां फंसे अपने नागरिकों को वापस लाएगा। विदेश राज्यमंत्री वी मुरलीधरन ने रविवार को कहा था कि दोनों देश के अधिकारी इस पर बातचीत कर रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक, लगभग 350 कश्मीरी छात्र और सिख श्रद्धालु ईरान से वापस आने का इंतजार कर रहे हैं। भारत ने ईरान से आने-जाने वाली उड़ानें निलंबित कर दी हैं।
60 से ज्यादा देशों में फैला कोरोनावायरस
चीन में 80026, द. कोरिया में 4335, इटली में 1694, ईरान में 978, जापान में 256, फ्रांस और जर्मनी में 130, सिंगापुर में 106, हॉन्गकॉन्ग में 98, अमेरिका में 89, स्पेन में 84, बहरीन में 47, कुवैत में 45, थाईलैंड में 42, ताइवान में 40, ब्रिटेन में 36, ऑस्ट्रेलिया और मलेशिया में 29-29, स्विट्जरलैंड में 27, कनाडा में 24, यूएई में 21, नार्वे और इराक में 19-19, नियतनाम में 16, स्वीडन और ऑस्ट्रिया में 14-14, इजराइल, नीदरलैंड्स, मकाउ और लेबनान में 10-10, सैन मारिनो में 8, क्रोएशिया और ग्रीस में 7-7, इक्वाडोर, ओमान, फिनलैंड में 6-6, मेक्सिको में 5, डेनमार्क, पाकिस्तान में 4-4, कतर, चेक रिपब्लिक, जॉर्जिया, आइसलैंड, फिलीपींस, रोमानिया, अजरबैजान में 3-3, बेल्जियम, रूस, मिस्र, ब्राजील में 2-2 संक्रमित हैं।